Search Engine क्या है

Search_Engine
Search Engine


दोस्तों आज के इस दौर में अगर मन में किसी भी तरह का सवाल आता है तो तुरंत उसे इंटरनेट पर ढूंढते हैं और कुछ ही सेकेंड के अंदर हमारा जवाब ही मिल जाता है लेकिन आज से बहुत पहले ऐसा कुछ भी नहीं था यहां तक कि इंटरनेट भी नहीं था ।
         आज की युवा पीढ़ी से पूछे तो अगर उनके मन में किसी भी तरह का सवाल आता है और तुरंत इंटरनेट ओपन करते हैं गूगल पर अपने सवाल को सर्च करते हैं और कुछ ही सेकंड्स के बाद उनका जवाब उन्हें मिल जाता है , दोस्तों यही तो है सर्च इंजन ! सर्च इंजन मतलब - Google, Yahoo, Bing और भी बहुत सारे हैं । तो आज के इस पोस्ट में मैं बताऊंगा की सर्च इंजन क्या है ?? और सर्च इंजन कैसे काम करता है ??  तो चलिए शुरू करते हैं .....!!!

What_Is_Search_Engine
What is Search Engine


सर्च इंजन क्या है what is the search engine ??

दोस्तों सर्च इंजन एक तरह का प्रोग्राम होता है जिसके अंदर असंख्य डाटाबेस और यूजर इंफॉर्मेशन  या हमारे सवाल जिसे हम कीवर्ड भी कहते हैं उसके संबंधित जितने भी डेटाबेस मिलते हैं वह हमें हमारे ब्राउज़र पर Show करा देता है ।  यह काम गूगल के साथ साथ सारे सर्च इंजन भी करता है । हर सवाल को w.w.w. यानी कि World Wide Web पर सर्च किया जाता है ।
इंटरनेट पर हम जो भी सर्च करते हैं सर्च इंजन हमारे उस रिजल्ट को एक्जेक्टली दिखाने का प्रयास करता है ।
           मान लीजिए आप सर्च करते हैं कि SEO क्या है तो सर्च इंजन क्या करता है कि उनके अंदर जितने भी वेबसाइट होते हैं जितने भी User डेटाबेस होते हैं उन सभी में इसकी वर्ड को मैच करने की कोशिश करता है और इसके संबंधित जितने भी पेज जितने भी डाटाबेस मिलते हैं उसे कलेक्ट कर के हमारे ब्राउज़र के पेज पर Show  करने लगता है जिससे हमें जो भी कंटेंट पसंद आता है उस पर क्लिक करके हम उसे देखने लग जाते हैं । दोस्तों अब आपके मन में एक सवाल जरूर आया होगा कि आंखें यह सर्च इंजन [ Google , Yahoo, Bing etc ]  कैसे काम करता है ?? तो चलिए जानते हैं कि सर्च इंजन कैसे काम करता है....!!


How_Search_Engine_Work
How Search Engine Work

Search Engine कैसे काम करता हैं??

दोस्तों हम किसी भी ब्राउज़र में जिस किसी भी टेक्स्ट या वाक्य को साथ सर्च करते हैं उसे कीवर्ड बोला जाता है । यानी कि अगर हम गूगल में सर्च करते हैं "What Is The Search Engine??" तो यह एक प्रकार का कीवर्ड है जो हमारे सर्च इंजन में हर  वेबसाइट User Database से मैच करने की कोशिश करता है और उसके बाद वो Keyword किसी भी वेबसाइट के कंटेंट  टैग या फिर टाइटल के साथ मैच करता है तो उसे हमारे ब्राउज़र के Search Results में Show करा देता है तो इस तरह से हम उसे जान पाते हैं । चलिए इसे थोड़ा Technically समझते हैं  !!!
      दोस्तों सर्च इंजन 3 स्टेप में काम करता है वह है -

       1. Crowling
       2. Indexing
       3. Ranking & Retrivel

                    तो चलिए इन्हें भी डिटेल में जान लेते हैं ??


1. Crowling

दोस्तों, Crowling का Simple मतलब होता है ढूंढना !! यानी की वेबसाइट के सारे डेटा एंड डेटाबेस का अधिग्रहण करना ।  इस Process मे Website को Scane करना , Page का Title क्या है, Keywords कितने हैं, Keywords किस तरह का है, कौन कौंन से Images & Pages, Linked है, Page का Layout कैसा है,  Advertise कहां कहां है,  इन सारी जानकारियों को वह रीड करता है ।
      आजकल के Modern Crowler , एक Website के सारे Cache को ही कॉपी कर लेते हैं ।
   


» Search Engine Website को Crowl कैसे करती हैं ।

ये एक Automatically Worcked Bot होते हैं , जो हर एक नए और पुराने पेज को सर्च करता है , जिसे डिस्कवरी भी कहा जाता है । Bots को Spider  भी कहते हैं, जो हर रोज करोड़ों Pages को विजिट करते हैं । वह भी हम लोगों की तरह Slow नहीं बल्कि बहुत ही फास्ट काम करती है ।
Google के मुताबिक लगभग 1sec में  100 - 1000  Pages तक Read करता है ।
            जब Bots को कोई नया  Page मिल जाता है, तो उसे वह  Back-End Process ( Tags, Pages, Links, Back8, Images, Videos ) के लिए भेज देता है। और फिर  Check करता है, कि इस पेज के साथ कौन कौन से पेज  Linked है,  और जब कोई नया पेज मिल जाता है, तो वो फिर से वही  Work Repeat करता है
» Crowling + BackEnd
         उसके बाद  Crowling + Indexing होता है । इसके बिना किसी भी पेज को Google सही तरीके से नहीं दिखा सकता ।

         पढ़ें..... Internet क्या है ????
                   Internet कैसे चलती है??
                  

• Indexing

दोस्तों Indexing को समझना बहुत ही आसान है ।  Indexingएक तरह का Processes है , जो  Crowling के पश्चात जो भी Data मिलता है, उसे DataBase में Placed करना ।
‌         मान लीजिए, आपके पास बहुत सारे Books है, और उन सारेBooks के, Name, Pages, Title, Author etc को Read करना Crowling है , और इन सभी  Data को‌ Listing करना ही Indexing है ।
      Google‌ Search सम्मेलन के अनुसार Google Bots हर रोज तकरीबन 3 Trillion Pages  Crowl करती है ।

 ‌‌‌‌‌‌‌‌‌     पढ़ें..... • Web Browser क्या है???

• Ranking & Retrivel

ये Search Engine का आखरी स्टेप्स होता है लेकिन यही आखिरी स्टेप्स बहुत ही कंपलेक्स है । क्योंकि जब आप कैसे सर्च इंजन में कुछ भी सर्च करते हैं तो उनका काम होता है कि एक्जेक्टली आपके कीवर्ड का ही रिलेटेड पेजेस आप को Show करें । लोगों को इस सर्च इंजन पर कभी भरोसा होता है जब लोगों के द्वारा सर्च किया गया Information,  Exactly वहां से मिले । इसके लिए गूगल कुछ बेस्ट एल्गोरिदम का यूज करती है , जो कुछ एल्गोरिदम पैरामीटर के अनुसार काम करती है जैसे कि  Content Age, Content Keywords,  Content Title etc.
     Page Ranking के लिए गूगल के पास 200 से भी ज्यादा Factors  है , जिसके जरिए पता लगाया जाता है कि सर्च किया गया Keyword से,  गूगल होम के किस Position पर Search Results  दिखाना चाहिए ।  इसके एल्गोरिदम को समझ पाना बहुत ही मुश्किल है क्योंकि 1 बिलीयन पेजेस में से सर्च रिजल्ट को गूगल किस तरह से सो कर आता है, यह कोई नहीं जानता बहुत सारे हैकर्स इस रैंकिंग एल्गोरिथ्म को हैक करने की कोशिश कर रहे हैं , अभी तक असफल रहे ।

         पहले रैंकिंग के लिए कंटेंट में कितने keyword हैं कितने इमेजेस हैं कितने वीडियोज है इन सारी बातों को ध्यान में रखकर उसे Rank किया जाता था, लेकिन  दुनिया बदल रही है अब गूगल अपने एल्गोरिथ्म में थोड़ा चेंज करके कुछ ऐसा एल्गोरिदम बना लिया है जिससे जो लोग वाकई में मेहनत कर रहे हैं उनका कंटेंट ही ज्यादा अच्छी Rank पर Show कर पाता है ।

                   तो दोस्तों, कुछ इस तरह से search engine[ Google, Yahoo, Bing etc ]  काम करती है । दोस्तों अब आप समझ गए होंगे कि सर्च इंजन क्या है और सर्च इंजन कैसे काम करती है अगर आपको यह पोस्ट अच्छी लगी हो तो इस पोस्ट को अपने Friends के पास ज्यादा से ज्यादा शेयर कीजिए ताकि उन्हें भी इन सारे Facts के बारे में पता चलें ।