Eco Friendly Diwali 

10 ways To Celebrate Eco Friendly Diwali 


नमस्कार दोस्तों सबसे पहले आप सभी को हमारी तरफ से दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएं ! दोस्तों बस कुछ ही दिनों के अंदर दिवाली आने वाली है अक्सर हम लोग दिवाली को लेकर  तैयारियां शुरू कर देते हैं लेकिन दोस्तों सारी तैयारियों के बावजूद कुछ ऐसी चीजें रह जाती है जो हमें सबसे पहले करनी चाहिए होती है  । 


eco friendly diwali celebration
eco friendly diwali celebration


         दोस्तों अक्सर लोग दिवाली को लेकर के बड़ी-बड़ी तैयारियां करनी शुरू कर देते हैं दिवाली के दिन पटाखे अधिक मात्रा में पटाखे जलाते हैं जिससे आसपास के लोगों पर्यावरण और जानवरों को काफी नुकसान होता है साथ ही साथ लोग प्लास्टिक का इस्तेमाल ज्यादा करते हैं इससे भी आसपास के पर्यावरण को काफी नुकसान होता है । 

दीपावली बुराई पर अच्छाई का जीत का प्रतीक है । इस दिन हमें हर्षोल्लास दीपावली पर्व को मनाना चाहिए और खुशियां बांटना चाहिए ।  साथ ही साथ एक खास बात भी ध्यान रखना चाहिए कि आजकल के दौर में हम लोग जिस तरह से दिवाली मनाते हैं उसमें बहुत सारे रसायनिक पदार्थ भी मिलाया रहता है जिससे हमें हमारे पर्यावरण को आसपास के लोगों को काफी नुकसान हो सकता है, जैसे अक्सर दीपावली के दिन लोग अधिक मात्रा में पटाखे जलाते हैं जिससे अधिक मात्रा में धुआ निकलता है और हमें शुद्ध हवा नहीं मिलता है जिससे उस दिन बड़े या बुड्ढे लोग या फिर आसपास के जानवरों को सांस लेने में तकलीफ होती है इसलिए हमें ऐसे चीजों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए । 

 ऐसे ही कुछ कारणों की वजह से सलाह दी जाती है कि आप Eco-Friendly Diwali मनाए ताकी इससे हमें हमारे पर्यावरण और आसपास के जीवो को इन तकलीफ का सामना नहीं करना पड़े । अब आप लोगों के मन में एक बात जरूर आया होगा कि आखिर यह "Eco-Friendly Diwali क्या हैं"  और "Eco-friendly Diwali कैसे मनाते हैं"  तो आप चिंता मत कीजिए क्योंकि आज के इस पोस्ट में मैं आपके इसी सवालों का जवाब देने वाला हूं तो चलिए शुरू करते हैं -


       हम दिवाली क्यों मनाते हैं ??? 5 अद्भूत रहस्य



Eco-friendly Diwali  क्या है ?? what is eco-friendly diwali ??

Eco-friendly Diwali हम उसे कहते हैं जिसमें हम दीपावली  को Environment Friendly तरीके से मनाते हैं । मतलब कि हमें दीपावली कुछ इस तरह से मनानी चाहिए जिससे आसपास के लोगों जानवरों और हमारे पर्यावरण को नुकसान ना हो , इसमें आप होने वाली वस्तुओं का इस्तेमाल ना करें जैसे कि पटाखें, प्लास्टिक वगैरा-वगैरा । अगर हम इको फ्रेंडली दिवाली मनाते हैं तो इससे हमारा पर्यावरण प्रदूषित नहीं होगा जिसकी वजह से हम हमारे बड़े लोग और आसपास के जानवरों को किसी भी तरह से आने वाले  खतरे का सामना नहीं करना पड़ेगा । 
अब आप सोच रहे होंगे कि Eco-friendly Diwali कैसे मनाएं तो दोस्तों मैं आपको यहां पर 10 बेहतरीन Facts  बताने जा रहा हूं जिससे आप Eco-Friendly Diwali मना सकते हैं -


10 ways To Celebrate Eco Friendly Diwali

10 ways To Celebrate Eco Friendly Diwali 





1. सबसे पहले पटाखे का नहीं करें प्रयोग । 

दोस्तों दीपावली के दिन अधिकतर पटाखे जलाए जाते हैं देखा जाए तो यह हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत ही हानिकारक होता है क्योंकि इसके फटने से बहुत तेज ध्वनि निकलती है और अधिक मात्रा में धुआ निकलता है जिससे आसपास के लोगों जानवरों पर हमारे पर्यावरण  को  बहुत नुकसान होता है। इसके खराब इंपैक्ट की वजह से सुप्रीम कोर्ट ने 1 Nov तक  Delhi NCR के इलाके में पटाखों पर रोक लगाई है । 





2. प्लास्टिक का ना करें उपयोग ।

दोस्तों अक्सर दीपावली के दिन लोग अधिक मात्रा में मिठाइयों और जरूरत के सामानों को लाने या भेजने के लिए प्लास्टिक का प्रयोग करते हैं दोस्तों मैं आपको बता दूं कि प्लास्टिक हमारे पर्यावरण और हमारे लिए बहुत ही खतरनाक साबित हो सकता है । यह जल के साथ-साथ हमारे मिट्टी तथा वायु मंडल को भी ग्रसित करती है तो आप लोग प्लास्टिक का प्रयोग ना ही करें तो बेहतर होगा, प्लास्टिक के जगह पर आप मजबूत कागज से बने थैले का प्रयोग कर सकते हैं जो कि Eco-friendly है ।




3. मिट्टी के बने दिए का करें प्रयोग ।

दोस्तों आज का जो दौर चल रहा है वह टेक्नोलॉजी के पीछे भाग रहा है जिसकी वजह से हमारे जो परंपरा है वह दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है । लोग अपने घरों को सजाने के लिए चाइनीस बल्ब और प्लास्टिक से बनी वस्तुओं का प्रयोग करते हैं । आप समझ सकते हैं दीपावली का अर्थ होता है दीपों का आवली यानी कि हमें दीपावली में मिट्टी के दीपों का ही प्रयोग करना चाहिए । यह भी Eco-friendly है । 





4. रंगोली वगैरा बनाने के लिए ऑर्गेनिक कलर का करें प्रयोग ।

दोस्तों अक्सर घर की महिलाएं या पुरुष दीपावली के दिन रंगोलियां  बनाते हैं, पर वह जिन रंगों का प्रयोग करते हैं क्या वे रंग इको फ्रेंडली है ?? दोस्तों आजकल मार्केट में रेडिमेड कलर बनने शुरू हो गए हैं जिसमें की रासायनिक तत्व वगैरह मिलाई जाती है जिससे हमारी त्वचा को साथ ही साथ हमारे पर्यावरण को भी नुकसान पहुंच सकता है। आप यह रंगों के बजाय ऑर्गेनिक कलर का प्रयोग कर सकते हैं क्योंकि ऑर्गेनिक कलर इको फ्रेंडली कलर होते हैं। 




5. घर की बनाई चीजों का ही करें सेवन ।

दोस्तों दीपावली के दिन लोग पूजा करने के लिए बाहर से बाहर के किसी दुकान से मिठाई वगैरह मंगा लेते हैं लेकिन दोस्तों जो मजा घर के बनाए मिठाइयों या पकावनो में है वह मजा किसी दुकान से लाई गई वस्तुओं में नहीं हो सकती और तो और हो सकता है दुकानों में जिन मिठाइयों को बनाया गया है उसमें रासायनिक तत्व का भी प्रयोग किया गया हो इसलिए आप लोग घर की ही बनाए चीजों का प्रयोग करें । 





6. आसपास के पालतू जानवरों की रक्षा करें ।

दोस्तों दीपावली जैसा त्यौहार  मासूम पालतू जानवरों के लिए काल बन सकता है उन्हें  दिवाली में होने वाले आवाजों को सहन करने का Experience नहीं होता है जिस वजह से बिदकने ने लगते हैं इधर उधर भागने लगते हैं जिससे उनको खतरा हो सकता है इसलिए दीपावली के दिन आप अपने पालतू जानवरों का खास ध्यान रखें । 






7. अपने पुराने चीजों को किसी जरूरतमंद लोगों को दान कर दें।

दोस्तों आप सब लोग जानते हैं कि दीपावली खुशियों का पर्व है इस दिन हम सब लोग आपस में खुशियां बांटते हैं लेकिन कई बार जो लोग गरीब होते हैं वह आर्थिक स्थिति के कारण दीपावली को सही तरीके से नहीं मना पाते इसलिए अगर आपके पास इतनी क्षमता है तो आप अपने पुराने वस्तुओं को गरीया भिखारियों को अवश्य दान करें इससे वे लोग भी इस प्रकाश पर्व को मना पाएंगे । 





8. अपने सामानों का करें रिसाइकल ।

दोस्तोंदोस्तों दीपावली के दिन आप जी दीपू या वस्तुओं का प्रयोग करते हैं उन्हें बाहर ना फेंके बल्कि उसे अच्छी तरह से धोकर साफ करके रख लें जिसका हम दोबारा प्रयोग कर सकते हैं इससे आपके रुपये तो बचेंगे ही साथ ही साथ इससे  होने वाले प्रदूषण से हमारा पर्यावरण भी सुरक्षित रहेगा । 




9. वेस्ट का करें सही डिस्कार्ड

दोस्तों जैसे ही पर्व खत्म होता है तो उसके बाद बहुत सी चीजें वेस्ट होती रहती है । पर्व के दिन हम जिन वस्तुओं का प्रयोग करते हैं उसके बाद पर्व खत्म होने के बाद उन वस्तुओं से वेस्ट प्रोडक्ट बाहर निकलता है चाहे वह पटाखा हो या फिर भोजन का बचा हुआ अंश हो , हमें उन सभी का सही तरह से रिसाइकल कर देना चाहिए क्योंकि अगर वह वस्तु हैं बाहर रही तो इससे हमारे पर्यावरण को नुकसान पहुंच सकता है इन वस्तुओं का रिसाइकल करने के लिए आप सड़ने गलने वाली वस्तुओं को अलग और नहीं करने वाले वस्तुओं को अलग अलग करके आप रख सकते हैं । सड़ी गली वस्तुओं का प्रयोग हम खेतों में खाद के रूप में कर सकते हैं । 





10. घर को इको फ्रेंडली वस्तुओं से सजाएं ।

दोस्तों मार्केट में आपको बहुत सारे इको फ्रेंडली वस्तुएं मिल रही है जिसका प्रयोग से आप अपने घर को अच्छी तरह से सजा सकते हैं वह भी इको फ्रेंडली वस्तुओं से । Market में आपको बहुत सारे DIY Ideas मिल जाएगे , बस आपको वो ढुंढना है । 






Conclusion

आशा है दोस्तों की अब आप समझ गए होंगे कि इको फ्रेंडली दिवाली क्या है और हमें इको फ्रेंडली दिवाली क्यों मनाना चाहिए । । अगर आपको यह पोस्ट यूजफुल लगी हो तो इस पोस्ट को अपने दोस्तों के साथ साथ सोशल मीडिया पर भी शेयर कीजिए ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों को इसके बारे में पता चले और हमारा पर्यावरण सुरक्षित रहें । इसी तरह ज्यादा पोस्ट की जानकारियां अपने फोन पर पाने के लिए हमें अपनी ईमेल आईडी से सब्सक्राइब कीजिए । धन्यवाद ।